बीजेपी सभासद पर कान काटने के आरोप में एससी/एसटी एक्ट में मुकदमा दर्ज

विज्ञापन

देवरिया टाइम्स

एक साल पहले हुई मारपीट के मामले में कोतवाली पुलिस ने सभासद आशुतोष तिवारी के विरुद्ध एससी/एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। मामला करीब एक साल पुराना है। पीड़ित ने कोतवाली में तहरीर दी थी।

दी गई तहरीर में रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र के गौर कोठी के रहने वाले नंद किशोर गोड़ पुत्र मोहन प्रसाद गोड़ ने आरोप लगाया है कि 24 नवम्बर 2019 को उन्होंने अपनी पत्नी को शहर के राघव नगर मोहल्ले में भर्ती कराया था। जहां उनका बेटा बाहर निकल कर सड़क के किनारे नाले में शौचालय कर रहा था। इसे लेकर सभासद और नंदकिशोर से विवाद हो गया। मारपीट में सभासद ने युवक का कान अपने दांत से काट दिया। इसके बाद कोतवाली पुलिस ने दोनों पक्षों में समझौता करा मामला रफा-दफा कर दिया। 

पीड़ित नंद किशोर के अनुसार समझौते में इलाज का खर्च देने की बात हुई थी लेकिन सभासद ने खर्च नहीं दिया। रुपये मांगने पर अभद्रता करने गले। पीड़ित के प्रार्थना पत्र पर कोतवाली पुलिस ने सभासद आशुतोष तिवारी के विरुद्ध 323, 504, 506,324 आईपीसी और एसीएसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है।

सभासद ने सांसद पर लगाए थे आरोप 

पिछले दिनों सभासद आशुतोष तिवारी ने मारपीट का आरोप लगाया था। सभासद ने यहां तक कहा है कि यदि उनके साथ कोई अप्रिय घटना होती है तो उसके लिए सांसद जिम्‍मेदार होंगे। उधर, सांसद रमापति राम त्रिपाठी ने सभासद के आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए उल्‍टे उनपर बदनाम करने की कोशिश का आरोप लगाया था। 

मामला देवरिया टाउनहाल स्थित प्रेक्षागृह के नामकरण से जुड़ा बताया जा रहा है। राघवनगर वार्ड नंबर 17 के सभासद आशुतोष तिवारी ने आरोप लगाया कि 19 नवम्‍बर की रात साढ़े 10 बजे सांसद रमापति राम त्रिपाठी के आवास पर उनके साथ मारपीट हुई। इस दौरान एक ठेकेदार ने पिस्‍टल निकाल ली और कई लोगों ने मिलकर उन्‍हें मारा-पीटा। सभासद ने प्रधानमंत्री, मुख्‍यमंत्री, डीएम, एसपी और भाजपा नेताओं को चिट्ठी लिखकर मामले की शिकायत की है। चिट्ठी में आशुतोष तिवारी ने लिखा कि वह 15 वर्षों से भाजपा के सक्रिय कार्यकर्ता हैं। नगर पालिका बोर्ड की बैठक में 20 दिसम्‍बर 2019 को उन्‍होंने टाउनहाल स्थि‍त प्रेक्षागृह का नाम पूर्व प्रधानमंत्री स्‍व.अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर रखने का प्रस्‍ताव रखा था। नगर पालिका बोर्ड ने यह प्रस्‍ताव पास कर दिया। कमिश्‍नर ने भी संस्‍तुति कर दी। सभासद का कहना है कि सितम्‍बर 2020 में प्रशासन और संगठन के कुछ लोगों के कहने पर वहां देवरिया के पूर्व सांसद स्‍व.मोहन सिंह की प्रतिमा स्‍थापित कर दी गई। वहां उनका नाम भी लिखवा दिया गया। 

सभासद ने आरोप लगाया कि 19 नवम्‍बर की शाम को वह सांसद के जिला पंचायत स्थित आवास पर गए तो सांसद ने उनसे नगर पालिका बोर्ड की होने वाली बैठक में अपना प्रस्‍ताव वापस ले लेने को कहा। उन्‍होंने इसके लिए मना कर दिया तो वह भड़क गए। अपशब्‍द कहने लगे। इसी बीच ठेकेदार गिरीश सिंह ने उनसे धक्‍का मुक्‍की की। पिस्‍टल तानकर धमकी दी। सभासद का आरोप है कि उन्‍होंने विरोध किया तो सांसद ने खुद भी उन्‍हें पीटा। इसके बाद वहां मौजूद ड्राइवर, ठेकेदार और कई अन्‍य लोगों ने मिलकर उन्‍हें पीटना शुरू कर दिया। उन्‍होंने वहां से भागकर किसी तरह अपनी जान बचाई। 

source: livehindustan news

विज्ञापन

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here